ग्राहक ने दुकानदार से सवाल किया, 'क्या यह कपड़े शुद्ध ऊन के बने हैं।"
दुकानदार, 'जी हैं!"
ग्राहक, 'लेकिन, इस पर सूती पकड़े की पर्ची क्यों लगी है?"
दुकानदार धीरे से, 'अरे जनाब! पर्ची तो कीड़ों को धोखा देने के लिए लगा दी है, मगर कपड़े शुद्ध ऊन के ही हैं।"
दुकानदार, 'जी हैं!"
ग्राहक, 'लेकिन, इस पर सूती पकड़े की पर्ची क्यों लगी है?"
दुकानदार धीरे से, 'अरे जनाब! पर्ची तो कीड़ों को धोखा देने के लिए लगा दी है, मगर कपड़े शुद्ध ऊन के ही हैं।"
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