जैतून का तेल, बादाम और भूमध्यसागर के आसपास पाए जाने वाले अन्य खाद्य पदार्थ हृदयाघात या हृदय रोग से मौत होने के खतरे को 30 फीसद तक घटा देते हैं। यह बात 'मेडिसीन जर्नल" में प्रकाशित एक शोधपरक लेख में सामने आई है। शोध में वैज्ञानिकों ने पाया कि भूमध्यसागर के आसपास पाए जाने वाले खाद्य पदार्थ, जैतून का शुद्ध तेल या बादाम के सेवन से अत्यंत जोखिम भरे हृदय रोग की आशंका काफी कम होती है। केवल इतना ही नहीं इन खाद्य पदार्थों के सेवन से हृदय रोग से पीड़ित व्यक्तियों की तकलीफ काफी हद तक कम हो जाती है।
सचमुच कारगर
यूनिवर्सिटी ऑफ वरमॉन्ट में पोषाहार विज्ञान की प्रोफेसर एवं अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन की प्रवक्ता रैकल जॉनसन ने शोध से सामने आए तथ्यों को सचमुच कारगर बताया। रैकल ने कहा कि उन्होंने दिल का दौरा, सदमा और मौत के अंतर्संबंधों का अध्ययन किया। अंत में जिस निष्कर्ष पर पहुंचे, वह सबके सामने है। भूमध्यसागर के आसपास के लोग अपने भोजन में जैतून का तेल, फल, बादाम, सब्जियां, मछली, चिकन, अंडे को शामिल करते हैं और कम से कम एक गिलास शराब जरूर लेते हैं। वे दूध से बनी वस्तुओं, लाल मांस और मिठाइयां कम मात्रा में लेते हैं।
रहेगा दिल तंदुरुस्त
यही वजह है कि भूमध्यसागर के आसपास के देशों में रहने वालों का दिल तंदुरुस्त रहता है। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि उनके दिल की यह तंदुरुस्ती वंशानुगत है या फिर यह उनकी जीवनशैली या भोजन में विविधता के कारण है, अभी इस बात पर और भी शोध जारी है।
5 साल तक चला अध्ययन
5 साल तक किए अध्ययन में यह बात सामने आई है। इसमें यह भी कहा गया है कि यह डाइट उन लोगों के लिए भी काफी हेल्पफुल है जो अपना वजन कम करने में असफल रहते हैं। हाइपरटेंशन, ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित रखने में यह डाइट काफी मददगार साबित होती है।
भूमध्यसागरीय खाद्य सामग्री
भूमध्यसागरीय खाद्य सामग्री में जैतून का तेल, बादाम, बीन्स, फ्रूट्स और वेजिटेबल भरपूर मात्रा में होता है। यही वजह है कि मौसमी आहार के रूप में वहां रहने वाले लोग सारे फ्रूट्स व वेजिटेबल का सेवन करते हैं और रिच और हेल्दी ऑयल वाली वहां की वनस्पति उनमें रोग-प्रतिरोधक क्षमता का विकास करती है। 'न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसीन" में प्रकाशित इस रिपोर्ट में कई ऐसे तथ्य दिए हैं, जिनसे यह जानकारी मिलती है कि भूमध्यसागरीय भोजन हार्ट की विभिन्ना बीमारियों और स्ट्रोक के खतरे को काफी हद तक कम कर देते हैं।
सचमुच कारगर
यूनिवर्सिटी ऑफ वरमॉन्ट में पोषाहार विज्ञान की प्रोफेसर एवं अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन की प्रवक्ता रैकल जॉनसन ने शोध से सामने आए तथ्यों को सचमुच कारगर बताया। रैकल ने कहा कि उन्होंने दिल का दौरा, सदमा और मौत के अंतर्संबंधों का अध्ययन किया। अंत में जिस निष्कर्ष पर पहुंचे, वह सबके सामने है। भूमध्यसागर के आसपास के लोग अपने भोजन में जैतून का तेल, फल, बादाम, सब्जियां, मछली, चिकन, अंडे को शामिल करते हैं और कम से कम एक गिलास शराब जरूर लेते हैं। वे दूध से बनी वस्तुओं, लाल मांस और मिठाइयां कम मात्रा में लेते हैं।
रहेगा दिल तंदुरुस्त
यही वजह है कि भूमध्यसागर के आसपास के देशों में रहने वालों का दिल तंदुरुस्त रहता है। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि उनके दिल की यह तंदुरुस्ती वंशानुगत है या फिर यह उनकी जीवनशैली या भोजन में विविधता के कारण है, अभी इस बात पर और भी शोध जारी है।
5 साल तक चला अध्ययन
5 साल तक किए अध्ययन में यह बात सामने आई है। इसमें यह भी कहा गया है कि यह डाइट उन लोगों के लिए भी काफी हेल्पफुल है जो अपना वजन कम करने में असफल रहते हैं। हाइपरटेंशन, ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित रखने में यह डाइट काफी मददगार साबित होती है।
भूमध्यसागरीय खाद्य सामग्री
भूमध्यसागरीय खाद्य सामग्री में जैतून का तेल, बादाम, बीन्स, फ्रूट्स और वेजिटेबल भरपूर मात्रा में होता है। यही वजह है कि मौसमी आहार के रूप में वहां रहने वाले लोग सारे फ्रूट्स व वेजिटेबल का सेवन करते हैं और रिच और हेल्दी ऑयल वाली वहां की वनस्पति उनमें रोग-प्रतिरोधक क्षमता का विकास करती है। 'न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसीन" में प्रकाशित इस रिपोर्ट में कई ऐसे तथ्य दिए हैं, जिनसे यह जानकारी मिलती है कि भूमध्यसागरीय भोजन हार्ट की विभिन्ना बीमारियों और स्ट्रोक के खतरे को काफी हद तक कम कर देते हैं।

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