कई बार बच्चों के रोने की वजहें पता ही नहीं चल पाती हैं। ऐसे में उन्हें क्या दिक्कत होती है, यह घर में हर किसी के लिए अनसुलझी पहेली की तरह हो जाता है। लेकिन आपको जानकर अचरज होगा कि रोने की वजह बच्चों के लिए सिर्फ परेशानी ही नहीं है बल्कि सेहत के लिए इसके कई फायदे भी हैं।
बच्चों का रोना उनके शारीरिक और मानसिक विकास का जरूरी हिस्सा है। बच्चों के लिए रोना क्यों जरूरी है, जानिए इसके रोने के फायदे।
* पहली बार क्यों रोता है शिशु :
पहली बार बच्चों का रोना न सिर्फ सेहतमंद तरीके से प्रजनन का संकेत है बल्कि रोने के साथ-साथ उनके फेफड़े भी सांस लेने के लिए पूरी तरह तैयार हो जाते हैं। यानी पैदा होने के बाद जब पहली बार बच्चा रोए तो मान लें कि ऑल इज वेल।
* मांसपेशियों की कसरत :
रोते हुए बच्चों को अगर आप ध्यान से देखेंगे तो उसकी मांसपेशियों को तना हुआ पाएंगे। दरअसल रोने के दौरान बच्चों की मांसपेशियों की कसरत होती है, जिससे उनके शरीर का लचीलापन बढ़ता है और मांसपेशियां मजबूत होती हैं।
* संचार का माध्यम :
बच्चा अगर न रोए तो उसकी जरूरत को समझना कितना मुश्किल हो सकता है, इसका अंदाजा लगाकर देखिए। कई बार किसी असुविधा को जाहिर करने या आपका आकर्षण पाने के लिए बच्चे रोते हैं और आपके ध्यान देने पर वे अपने आप सामान्य हो जाते हैं।
* मानसिक विकास में मददगार :
बच्चों का रोना और आपका उसे चुप कराना उसके मानसिक विकास के लिए भी जरूरी है। इससे उसे सुरक्षित होने का अहसास मिलता है और वह मानसिक तौर पर महफूज महसूस करता है।
बच्चों का रोना उनके शारीरिक और मानसिक विकास का जरूरी हिस्सा है। बच्चों के लिए रोना क्यों जरूरी है, जानिए इसके रोने के फायदे।
* पहली बार क्यों रोता है शिशु :
पहली बार बच्चों का रोना न सिर्फ सेहतमंद तरीके से प्रजनन का संकेत है बल्कि रोने के साथ-साथ उनके फेफड़े भी सांस लेने के लिए पूरी तरह तैयार हो जाते हैं। यानी पैदा होने के बाद जब पहली बार बच्चा रोए तो मान लें कि ऑल इज वेल।
* मांसपेशियों की कसरत :
रोते हुए बच्चों को अगर आप ध्यान से देखेंगे तो उसकी मांसपेशियों को तना हुआ पाएंगे। दरअसल रोने के दौरान बच्चों की मांसपेशियों की कसरत होती है, जिससे उनके शरीर का लचीलापन बढ़ता है और मांसपेशियां मजबूत होती हैं।
* संचार का माध्यम :
बच्चा अगर न रोए तो उसकी जरूरत को समझना कितना मुश्किल हो सकता है, इसका अंदाजा लगाकर देखिए। कई बार किसी असुविधा को जाहिर करने या आपका आकर्षण पाने के लिए बच्चे रोते हैं और आपके ध्यान देने पर वे अपने आप सामान्य हो जाते हैं।
* मानसिक विकास में मददगार :
बच्चों का रोना और आपका उसे चुप कराना उसके मानसिक विकास के लिए भी जरूरी है। इससे उसे सुरक्षित होने का अहसास मिलता है और वह मानसिक तौर पर महफूज महसूस करता है।
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